लस् (भ्वा० पर० लसति, लसित)
1. चमकना, दमकना, जगमगाना,–मुक्ताहारेण लसता हसतीव स्तनद्वयम् –काव्य० १०, करवाणि चरणद्वयं सरसलसदलक्तकरागं –गीत० १०, अमरु १६, नै० २२।५३
2. प्रकट होना, उगना, प्रकाश में आना
3. आलिंगन करना
4. खेलना, किलोल करना, उछल–कूद करना, नाचना प्रेर० (लासयति-ते)
1. चमकना, शोभा बढ़ाना, अलंकृत करना
2. नचाना
3. कला का अभ्यास करना,
उद्–
1. क्रीडा करना, खेलना, लहराना, फड़फड़ाना –शि० ५।४७
2. चमकना, जगमगाना, देदीप्यमान होना–उल्लसत्काञ्चनकुण्डलाग्रम् –शि० ३।५, ३३, ५।१५, २०।५६
3. उदित होना, उगना शि० ४।५८, ६।११, मा० ९।३८
4. फूँक मारना, खुलना, विस्तीर्ण होना, (प्रेर०) रोशनी करना, उज्ज्वल करना,
परि–
चमकना, सुन्दर लगना,
वि–
1. चमकना, जगमगाना, देदीप्यमान होना,–वियति च विललास तद्वदिन्दुर्विलसति चन्द्रमसो न यद्वदन्यः–भट्टि० १०।६८, मेघ० ४७, रघु० १३।७६
2. दिखाई देना, उदय होना, प्रकट होना –प्रेम विलसति महत्तदहो –शि० १५।१४, ९।८७
3. क्रीडा करना, मनोविनोद करना, खेलना, किलोल करना,–कापि चपला मधुरिपुणा विलसति युवतिरधिकगुणा –गीत० ७, हरिरिह मुग्धवधूनिकरे विलासिनि विलसति केलिपरे – गीत० १,
4. ध्वनि करना, गूँजना, प्रतिध्वनि करना ।