विकच (वि०) [विकक् + अच्]
1. खिला हुआ, फूला हुआ, खुला हुआ, (जैसा कि कमल आदि,–विकचकिंशुकसंहतिरुच्चकैः–शि ६।२१, रघु० ९।३७
2. फैलाया हुआ, बखेरा हुआ भामि० १।३
3. वालों से शून्य,
~चः
1. बौद्धसाधु
2. केतु ।
विकच (वि०) [विकच्+अच्]
1. खिला हुआ, खुला हुआ
2. फैला हुआ, बखेरा हुआ
3. केशशून्य,
4. चमकीला, देदीप्यमान–चन्द्रांशुविकचप्रख्यम् –रा० २ ।१५।९। सम० ~श्री (वि०) उज्ज्वल सौ से युक्त,अनिन्द्य लावण्य से सम्पन्न ।
परिशिष्ट