संस्कृत-शब्दकोशः

रुचिप्रद रुचिरा

रुचिर

रुचिर (वि०) [रुचिं राति ददाति–रुच्+किरच्]


1. उज्ज्वल, चमकदार, प्रकाशमान, जगमगाता, –हेम रुचिराम्बर–चौर० १४, कनकरुचिरम्, रत्नरुचिरम् आदि
2. स्वादिष्ट, मजेदार
3. मधुर, ललित
4. क्षुधावर्धक, भूख बढ़ाने वाला
5. पुष्टिदायक, बलवर्धक,
~रा
1. एक प्रकार का पीला रंग
2. वृत्तविशेष –दे० परिशिष्ट १,
~रम्
1. केसर
2. लौंग ।


रुचिर (वि०) [रुच्+किरच्]


सुहावना, सुखद –अथ वासवस्य वचनेन रुचिरवदनस्त्रिलोचनम् –कि० १२।१ ।
समस्त पद
~अङ्गदः
विष्णु का नाम ।

परिशिष्ट



Correction: