लोपः [लुप् भावे घञ्]
1. हटा लेना, वंचना
2. हानि, विनाश
3. उन्मूलन, अपाकरण, (प्रथाओं का) उत्सादन, अन्तर्धान, अप्रचलन
4. उल्लंघन, अतिक्रमण –रघु० १।७६
5. अभाव, असफलता, अनुपस्थिति –रघु० १।६८
6. भूल–चूक, छूट –तद्वद्धर्मस्य लोपे स्यात् –काव्य० १०
7. अदर्शन, वर्णलोप (व्या० में), अदर्शनं लोपः–पा० १।१।६० ।