विद्युत् (स्त्री०) [विशेषेण द्योतते–वि+द्युत् + क्विप्]
बिजली –वाताय कपिला विद्युत्–महा०, मेघ० ३८, ११५
2. वज्र ।
समस्त पद
~उन्मेषः
बिजली की कौंध,
~जिह्वः
एक प्रकार का राक्षस,
~ज्वाला, ~द्योतः
बिजली की कौंध या कांति
~दामन्
(नपुं०) वक्र गति से युक्त बिजली की कौंध या चमक,
~पातः
बिजली का गिरना या प्रहार,
~प्रियम्
कांसा,
~लता,
लेखा (विद्युल्लता, विद्युल्लेखा)
1. बिजली की कौंध या लहर
2. वक्रगतिशील या कुटिल विजली ।