विभंगः [वि+भंज्+घञ्]
1. टूटना, अस्थिभंग
2. ठहराना, अवरोध, पड़ाव भग० २।२६
3. झुकना, (भौंहों आदि का) सिकोड़ना भ्रूविभंगकुटिलं च वीक्षितं–रघु० १९।१७
4. शिकन, झुर्री
5. पग, सीढ़ी – रघु०६।३ •
6. फूट पड़ना, प्रकटीकरण–विविध विकार विभंगम – गीत०११।
विभङ्गः [वि+भञ्ज्+घञ्]
लहर ।
परिशिष्ट