विस्रंस
विस्रसा
विस्रंसन
विस्रंसन (वि०) [वि+स्रंस्+ल्युट्]
1. पतनशील या बिन्दुपाती– अन्तर्मोहनमौलिघूर्णनचलन्मन्दारविस्रंसन –गीत०३
2. खोलने वाला, ढीला करने वाला –नीवीविस्रंसन: कर: –काव्य० ७
~नम्
1. अधः पतन
2. बहना, टपकना
3. खोलना, ढीला करना
4. रेचक, दस्तावर ।