शर्मन् (पुं०) [शृ+मनिन्]
ब्राह्मण के नाम के आगे जोड़ी जाने वाली उपाधि यथा विष्णुशर्मन्, तु० वर्मन्, दास, गुप्त (नपुं०)
1. प्रसन्नता, आनन्द, खुशी –त्यजन्त्यसूञ्शर्म च मानिनो वरं त्यजन्ति न त्वेकमयाचितं व्रतम्– नै० १।५०, रघु० १।६९, भर्तृ० ३।९७
2. आशीर्वाद
3. घर, आधार (इस अर्थ बहुधा वैदिक) ।
समस्त पद
~द
(वि०) आनन्ददायक
(–दः)
विष्णु का विशेषण ।