मेधः [मेध्यते हन्यते पशुः अत्र–मेध्+घञ्]
1. यज्ञ जैसा कि 'नरमेध' में2. यज्ञीय पशु, यज्ञ में बलि दिया जाने वाला पशु ।समस्त पद~जः बिष्णु का विशेषण ।