संस्कृत-शब्दकोशः

विप्रयुक्त विप्रलब्ध

विप्रयोग

विप्रयोगः [विप्र+युज् +घञ]


1. अनैक्य पार्थक्य, वियोग, अलगाव, जैसा कि प्रिय° में
2 विशेषकर प्रेमियों का विछोह–मा भूदेवं क्षणमपि च ते विद्युता विप्रयोगः मेघ० ११५, १०, रघु०१३।२६, १४।६६
3. कलह, असहमति ।



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