विवादः [वि+वद्+घञ्]
(क) कलह, प्रतियोगिता, संघर्ष विषय, शास्त्रार्थ, विचारविमर्श, वाद–विवाद, झगड़ा, झंझट –अलं विवादेन,–कु० ५।८३ एतयोर्विवाद एव मे न रोचते –मालवि० १, एकाप्सरः प्रार्थितयोर्विवादः –रघु० ७।५३
(ख) तर्क, तर्कना, चर्चा
2. वचन विरोध –एष विवाद एव प्रत्याययति –श० ७
3. मुकदमेबाजी, कानूनी नालिश, कानूनी संघर्ष, सीमाविवादः, विवादपदम् आदि, परिभाषा इस प्रकार की गई है –ऋणादिदायकलहे द्वयोर्बहुतरस्य वा विवादो व्यवहारस्य, दे० 'व्यवहार' भी
4. उच्चक्रंदन, ध्वनन
5. आदेश, आज्ञा– रघु० १८।४३ ।
समस्त पद
~अर्थिन्
(पुं०)
1. मुकदमेबाज़
2. वादी, अभियोक्ता, प्राभियोक्ता,
~पदम्
कलह का शीर्षक,
~वस्तु
(नपुं०) कलह का विषय, विचारणीय विषय ।